क़ानून व्यवस्था ठीक है – साहेब ने इधर कहा और उधर अपराधियों ने दो को मारी गोली

क़ानून

झारखंड राज्य की फासीवादी सरकार ने अपनी नीतियों से सामाजिक ताने-बाने में जनवादी मूल्यों का नितांत अभाव पैदा कर दिया है। साथ ही प्राक्पूँजीपतियों के हित में फैसला ले मंदी की मौजूदगी को प्रभावी बना दिया है। यही मुक्त प्रवाह एक ऐसी आँधी लेकर आयी जिसमें मनुष्यता दम तोड़ दी। जैसे-जैसे राजनीतिक धरातल पर राज्यसत्ता … Read more

कोल्हान ने क्यों रघुवर दास जी को नकारा

कोल्हान

कोल्हान में साहेब को नहीं मिला आशीर्वाद!  समय का पहिया लगातार अविराम गति से चलता रहता है और इसके कालखंड में गतिरोध के इतिहास अंकित होते रहते हैं। वह वक़्त भी अंकित होते है जब चन्द दिनों के काम पूरा करने में शताब्दियां लगती हैं तो ऐसे दौर भी आते हैं जब शताब्दियों के काम … Read more

11 लाख किसानों को मुख्यमंत्री द्वारा 452 करोड़ देना केवल चुनावी स्टंट भर है 

11 लाख किसानों को

किसानों और खेत मज़दूरों दोनों के लिए पहले ही मुख्य सवाल वैकल्पिक रोज़गार और जीवन निर्वाह योग्य मज़दूरी है। उनके लिए असली सवाल समर्थन मूल्य के साथ-साथ जीवन निर्वाह योग्य रोज़गार प्राप्त करना है। लाभकारी समर्थन मूल्य व अन्य तात्कालिक माँगें की सारी लड़ाइयों का गला झारखंड की रघुवर सरकार चुनाव के मद्देनज़र चंद सिक्के … Read more

मेगा शो समिट झारखंड मोमेंटम में हुए 210 एमोयु (MOU) का हुआ?

मेगा शो समिट

क्या झारखंड मोमेंटम मेगा शो भी 3.10 लाख करोड़ का एक घोटाला था?  झारखंड में महंगाई के कारण, पॉकेट के हाल खस्ते हैं इसलिए पिछले चंद दिनों से मैं ओला बाइक बुक करके काम पर जाना शुरू किया हूँ। एक तो इसमें खर्च कम होता है और दूसरी शाम के वक़्त कोई ऑफ़िस का मित्र … Read more

आखिर क्यूँ रघुबर दास के खिलाफ दायर याचिका पर जांच एजेंसी कठघरे में ?

याचिका

झारखण्ड के हाई कोर्ट में झारखंड के मुख्यमंत्री रघुबर दास के खिलाफ याचिका (पीआइएल) दायर की गयी है। यह याचिका रघुबर दास जी के द्वारा निजी फर्म ‘MEINHARDT’ को परामर्श शुल्क के रूप में दिए गए 26 करोड़ रुपये में मानदंड के उल्लंघन के आरोप पर आधारित है। रघुबर दास उस वक़्त अर्जुन मुंडा के … Read more

अमित शाह के हाथों में है झारखंड के भविष्य का असल कमान

अमित शाह

प्रधानमन्त्री ने बयान दिया था  कि देश को कुशल और सस्ते श्रम का भण्डार बनाया जायेगा। मतलब आने वाले समय में देश के करोड़ों-करोड़ युवा को देशी-विदेशी पूँजी की लूट और शोषण के लिए पेश किया जायेगा। पूंजीपति हमें गुलाम बनाकर हमारी ही ज़मीनों पर काम करा सकें इसके लिए हमारे सारे क़ानूनी अधिकारों को … Read more