क़ैदियों के प्रति हेमंत की सोच : एक विकसित राज्य के सफ़र की शुरुआत के संकेत

जेल

क़ैदियों के रिहाई के बाद उनकी अवस्था को सुधारने के नयी नीति लाने बनाने की हेमंत की सोच : एक विकसित राज्य के सफ़र की शुरुआत के संकेत है । भारत में कुल क़ैदियों की 67.6 फीसद विचाराधीन क़ैदी हैं। कुल क़ैदियों में महिलाएँ 4.4 फीसद है। प्रति एक लाख आबादी में 33 फीसद लोग … Read more

बिजली कटौती की धमकी बार-बार देना बंद करे डीवीसी : हेमंत सोरेन

बिजली कटौती

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने केंद्रीय विद्युत मंत्री राजकुमार सिंह के सामने डीवीसी को दो टुक कहा “ज़मीन, पानी, कोयला हमारा और हमें व हमारे उपभोक्ताओं को बिजली नहीं, बिजली कटौती की धमकी हमें बार-बार न दें। केंद्रीय विद्युत मंत्री राजकुमार सिंह ने विद्युत संशोधन विधेयक पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से देश भर के मुख्यमंत्रियों … Read more

प्रतिशोध की भावना से काम नहीं करेंगे, लेकिन गड़बड़ी को बर्दाश्त भी नहीं करेंगे

प्रतिशोध की भावना से

झारखंड राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन राज्य में व्याप्त भ्रष्टाचार को गंभीरता से ले रहे हैं। उन्होंने शपथ लेते हुए कहा था कि उनकी सरकार प्रतिशोध की भावना से काम नहीं करेगी, लेकिन किसी भी कीमत पर गड़बड़ी को बर्दाश्त भी नहीं करेगी। अब उनके कहने का मतलब साफ होता जा रहा है। वे शक्तिशाली … Read more

कोयला ब्लॉक की नीलामी को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती – एतिहासिक कदम

कोयला ब्लॉक की नीलामी

कोयला ब्लॉक की नीलामी को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देना – झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का एतिहासिक कदम  चाहे वह कोयला ब्लॉक की नीलामी हो या भूमि अधिग्रहण कानून, या श्रम क़ानूनों में सुधार का सवाल – मोदी सरकार की मंशा बहुत स्पष्ट है – पूँजीपतियों की पूजा करो, आबाद करो; मेहनतकशों को लूटो, … Read more

निशिकांत दुबे ने बीआरओ मुद्दे पर बयान दे अपनी मानसिकता का परिचय दिया है

निशिकांत दुबे

एक ऐसे समय में जब पूरा देश महामारी की चपेट में है। मोदी सरकार श्रम क़ानूनों पर हमला करके श्रमिकों के शेष अधिकारों को समाप्त करने के लिए लगातार तैयारी कर रही है। और पूँजीपतियों के लाभ के लिए, वह श्रमिकों का शोषण करने का कोई अवसर नहीं छोड़ नहीं दिखती है। झारखंड के सभी … Read more

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का देश के पटल पर ज़ोरदार दस्तक

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत

राजनीतिक रूप से हेमंत सोरेन झारखंड के आदिवासी और मूल निवासी की आवाज़ हैं। ऐसे समय में जब भारत में आदिवासी मूल निवासी होने का मतलब दर्द और त्रासदी है। किसी ने भी नहीं सोचा होगा कि एक झारखंडी देश के पटल पर अपनी दस्तक देगा।  साथ ही झारखंड के आदिवासियों सहित मूलवासियों को उनकी … Read more