human rights-राइट टू सर्विस एक्ट को लेकर हेमंत सोरन सख़्त

human rights राइट टू सर्विस एक्ट

राइट टू सर्विस एक्ट अब बाध्य करेगा बाबुओं को (human rights) कहते हैं जहाँ चाह हो वहां राह खुद ब खुद निकल आती है, जरुरत केवल नियत व इच्छाशक्ति की होती है। भारत में लोक सेवा अधिकार कानून (राइट टू सर्विस एक्ट), वह कानून हैं जो नागरिकों को एक निर्धारित अवधि के अंदर लोक सेवाएँ … Read more