झारखण्ड : गरीबों को पेट्रोल में प्रति लीटर ₹25 राहत देने की सरकारी कवायद तेज, सीएम गंभीर

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समीक्षा बैठक में पेट्रोल में प्रति लीटर ₹25 राहत देने हेतु खाद्य आपूर्ति विभाग, परिवहन विभाग एवं एनआईसी को सीएम द्वारा जल्द एप्प तैयार करने का दिया गया निर्देश…

रांची : पेट्रोल-डीजल की बढती कीमतों को मुख्य मुद्दों में से एक बना र भाजपा देश की सत्ता तक पहुंची. लेकिन पूंजीपति चाकरी के मद्देनजर भाजपा द्वारा पेट्रोलियम के भाव को बाजार के हवाले किये जाने से देश भर में पेट्रोल-डीजल के भाव आसमान छू चुके हैं. ज्ञात हो देश में एक गरीब वर्ग ऐसा भी जिसका जीवन-चक्र दोपहिए वाहन के आसरे चलता है. गरीब किसान, असंगठित क्षेत्र के मजदूर, छोटे-मंझोले वर्ग के व्यापारी, नौकरी ढूँढने व परियोगिता परीक्षा की तैयारी करेने वाले युवा आदि इस श्रेणी में शामील है. 

ज्ञात हो, झारखण्ड का अधिकाँश जीवन खेती अथवा दैनिक मजदूरी पर निर्भर करता है. चूँकि अभी कटनी का वक़्त है और गरीब किसान वर्ग फसल को कलिहान तक ढोने, फसल को कूटाने के लिए मील तक की ढुलाई दो पहिए से ही करते हैं. राज मिस्त्री व आम सरीखे मजदूर अपने कार्य स्थल तक दो पहिए वाहन से ही लटक कर पहुँचते है. छोटे मंझोले वर्ग के व्यापारी अपना व्यापार का संचालन दो-पहिए से ही करते है. ऐसे में झंरखण्ड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन द्वारा इन गरीबों के लिए पेट्रोल में प्रति लीटर ₹25 राहत दिए जाने की घोषण, किसी मन्नत पूरा होने जैसा है. साथ ही राज्य की अर्थव्यवस्था को चलाने की दिशा में भी एक मास्टर स्ट्रोक माना जा सकता है.

पेट्रोल की बढ़ती महंगाई से राहत देने के लिए संबंधित विभाग जल्द विकसित करें एक तंत्र 

मुख्यमंत्री ने 29 दिसम्बर को स्वयं कहा था कि हेमन्त सरकार 26 जनवरी 2022 से राज्य में वैसे राशन कार्डधारी परिवार जिनके पास बाइक, स्कूटी अथवा किसी भी प्रकार के दो पहिया वाहन है, लेकिन पेट्रोल महंगा होने के कारण नहीं भरा पा रहे हैं तो उन्हें पेट्रोल की खरीद पर प्रति लीटर ₹25 राहत उनकी सरकार द्वारा दी जाएगी. मसलन, वादे को पूरा करे हेतु मुख्यमंत्री द्वारा कार्य प्रगति की उच्चस्तरीय समीक्षा हुई. बैठक में मुख्यमंत्री ने पदाधिकारियों से कहा कि पेट्रोल की बढ़ी कीमत का सबसे अधिक असर गरीब, मजदूर, किसान और मध्यम वर्ग के परिवारों को हुआ है.

ऐसे में राज्य सरकार का प्रयास है कि झारखण्ड में गरीब, मजदूर, किसान और मध्यम वर्ग के लोगों को पेट्रोल की बढ़ती महंगाई से राहत दी जाए. मुख्यमंत्री ने पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि संबंधित सभी विभाग बेहतर समन्वय बनाकर जल्द एक तंत्र विकसित करें, जिससे हम आगामी 26 जनवरी से पात्र लोगों को पेट्रोल की खरीद पर छूट दे सकें. बैठक में राज्य के मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव, मुख्यमंत्री के सचिव, खाद्य आपूर्ति व सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले विभाग की सचिव, परिवहन सचिव सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.

ऐप्प माध्यम से पेट्रोल की ख़रीद पर प्रति लीटर ₹25 राहत राशि लोगों के बैंक खाते में सब्सिडी के रूप में होगा जमा  

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने समीक्षा बैठक में उपस्थित सभी पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि खाद्य आपूर्ति विभाग, परिवहन विभाग तथा एनआईसी जल्द एक ऐप्प बनाए जिससे लोगों को पेट्रोल की खरीद पर प्रति लीटर 25 रुपए की राशि उनके बैंक खाते में सब्सिडी के रूप में जमा हो सके. एक गरीब परिवार को हर महीने अधिकतम 10 लीटर तक की पेट्रोल की खरीद पर प्रति लीटर 25 रुपए अधिकतम 250 रुपए सब्सिडी दी जाए. मुख्यमंत्री द्वारा इस योजना के सफल संचालन के लिए बेहतर कार्य योजना बनाते हुए ससमय इसे लागू करने का निर्देश पदाधिकारियों को दिया गया है.

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