Welcome to Jharkhand Khabar   Click to listen highlighted text! Welcome to Jharkhand Khabar
  TRENDING
मुफ्त कोरोना वैक्सीन देने का वादा करने वाली भाजपा अपने नेता को ही नहीं बचा सकी
जेलों में बंद कैदियों को सम्मान देने के साथ उनके कुशलता का उपयोग भी करना चाहते हैं मुख्यमंत्री
कृषि इन्फ्रास्ट्रक्चर फंड -किसानों के राहत के नाम पर आवंटन 1 लाख करोड़ से होगा कॉपोरेट घरानों को फायदा !
समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन में क्या हुआ, 15 दिन में रिपोर्ट दें
पत्थलगढ़ी के दर्ज मामलों को वापस लेकर मुख्यमंत्री ने राज्य को बिखरने से बचाया
दबे-कुचले, वंचितों के आवाज बनते हेमंत के प्रस्ताव को यदि केंद्र ने माना तो नौकरियों में मिलेगा आरक्षण का लाभ
टीआरपी घोटाला : लोकतंत्र का चौथे खम्भे मीडिया ने अपनी विश्वसनीयता खोयी
सर्वधर्म समभाव नीति पर चल राज्य के मुखिया पेश कर रहे सामाजिक सौहार्द की अनूठी मिसाल
खाद्य सुरक्षा: आरोप लगा रहे बीजेपी नेता भूल चुके हैं – जरूरतमंदों को 6 माह तक खाद्यान्न देने की सबसे पहली मांग हेमंत ने ही की थी
Next
Prev

झारखंड स्थापना दिवस की शुभकामनाएं

आईटी सेल

भाजपा का संघी आईटी सेल भष्मासुर बन सुब्रमण्यम स्वामी के पीछे

सोशल मीडिया आदि के ज़रिये अफ़वाहें और झूठी ख़बरें फैलाने का काम करने वाली भाजपा का संघी आईटी सेल आज भष्मासुर बन चुकी है। वह अपने आकाओं को पहचाने से भी इनकार करने लगी है। याद होगा भा.ज.पा. के आई.टी. सेल में काम कर चुके महावीर नाम के व्यक्ति ने ध्रुव राठी से इनकी पूरी कार्य-प्रणाली के बारे में विस्तार से बताया था।

दरअसल, यह फ़ासिस्टों के ख़ून में है। काम निकलने के बाद ए किसी को भी सड़क किनारे फेंक सकते हैं। आडवाणी, मुरलीमनोहर जोशी, यशवन्त सिन्हा, अरुण शौरी, गृहमंत्री हरेन पाण्ड्या, जान बचाने की गुहार लगाने वाले तोगड़िया या फिर अब राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी इसके स्पष्ट उदाहरण हो सकते है। 

सुब्रमण्यम स्वामी

सुब्रमण्यम स्वामी, बीजेपी से राज्यसभा सांसद और पार्टी के आइटी सेल के हेड अमित मालवीय के बीच जुबानी जंग अब आर-पार की लड़ाई का रूप ले चुकी है। वह अपनी ही पार्टी को अपने ही आइटी सेल हेड अमित मालवीय को आईटी सेल से हटाने का अल्टीमेटम दिया है। और इसकी जानकारी ट्विटर पर भी साझा किया है। उन्होंने भाजपा को चेतावनी भी दी है कि अगर मेरे प्रशंसक ऐसा करने पर उतरे तो उसके लिए मैं जिम्मेदार नहीं रहूंगा। जैसे मुझपर हमला करने के लिए बीजेपी को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता।

‘अपनी ट्वीट में उन्होंने लिखा, कल तक अगर अमित मालवीय को नहीं हटाया गया तो इसका मतलब है कि पार्टी मेरा बचाव नहीं करना चाहती है ऐसे में अगर पार्टी में ऐसा कोई फोरम नहीं है जहां मैं अपनी राय रख सकूं तो मुझे खुद ही अपना बचाव करना होगा”

आखिर ऐसा क्या हुआ है कि वह अपने ही पार्टी के आईटी सेल पर इतने भड़के हुए है 

सुब्रमण्यम स्वामी का आरोप है कि मालवीय की अगुवाई में बीजेपी का आइटी सेल उन्हें ट्रोल करने में जुटा है। उन्होंने यहाँ तक कहा है कि  बीजेपी की आइटी सेल दुष्ट हो चुकी है। और उसके सदस्य मुझपर हमला कर रहे हैं। ज्ञात हो कि बीजेपी सांसद सुब्रमण्यम स्वामी कई बार पहले भी अपने ही पार्टी के खिलाफ मुखर हो बोले हैं।

दरअसल, सांसद में काम-काज सुचारू रूप से नहीं चलने का हवाला देकर एनडीए सदस्यों के लिए यह फरमान सुनाया गया था कि वे वेतन भत्ता नहीं लेंगे। लेकिन, सुब्रमण्यम स्वामी ने पार्टी के खिलाफ जा कर फैसला मानने से इनकार कर दिया था। यह साहेब को कैसे गवारा हो सकता है कि उसके आदेश की अवेलना हो। आईटी सेल को उनके पीछे छोड़ दिया गया भूखे भेड़िया बना। अब देखना यह है कि सांसद सुब्रमण्यम स्वामी के धमकी का क्या जवाब दिया जाता है बीजेपी द्वारा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Related Posts

Click to listen highlighted text!