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भाजपा-आजसू

भाजपा-आजसू को आखिर वोट क्यों दें युवा 

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भाजपा-आजसू से झारखंडी युवाओं के 10 सवाल

झारखंड में एक करोड़ से अधिक युवा वोटर, 18 से 35 बरस के तक के युवा। यानी वह युवा जो बारहवीं पास है, जिनके सपने बेफिक्र हो उड़ान भर रहे हैं। 25 बरस का युवा जो झारखंड को रूप में गढने के सपने पाले होंगे। 30 से 35 बरस का युवा जिसके आँखों में एक बेहतरीन राज्य की चाहत जिसमे राज्य को शिक्षा से नये तरीके से गढ़ने की सोच थी। मौजूदा सियासत में नौकरी के लिये दर दर की ठोकरें खाने से हताश हैं, लेकिन उनके सपने मरे नहीं हैं। 

हर हाथ में मोबाइल, सूचनाओं की तेजी, सभी दिमाग में सोशल मीडिया। बे रोक टोक प्रतिवाद करने तेजी कहीं ज्यादा। अपने सपनों के राज्य गढते हुये हालात बदलने की नयी सोच उनमे कायम है। जो पारंपरिक राजनीति करने वाले दलों व नेताओं को आईना दिखाते कहती है कि वह बदल जाये, अन्यथा राज्य तो बदल रहा है। तो क्या 2019 का यह विधानसभा चुनाव केवल आम चुनाव नहीं बल्कि झारखंड की एक ऐसी बदलती तस्वीर होगी, जिसके बाद राज्य नई करवट लेगा।

इस क्रम में उसी मोबाइल थामे हाथ में युवा का सोशल मीडिया पर वायरल सवाल “आखिर भाजपा-आजसू को वोट क्यों दें?”, सम्बंधित दलों का होश उड़ा रही है।

  1. भाजपा-आजसू की सरकार ने छात्रों के छात्रवृत्ति में कटौती की, फिर वोट क्यों?
  2. 12000 से अधिक सरकारी स्कूलों को बंद कर दारू दुकानों में वृद्धि किया, फिर वोट क्यों?
  3. पांच साल में एक भी सफल JPSC की परीक्षा नहीं ले सके, फिर वोट क्यों?
  4. एसएससी सेंट्रल लेवल के फॉर्म फी मात्र 100 रूपए है, जबकि आपने JSSC-CGL के फॉर्म फी 1000 रूपए बढ़ा दी, फिर वोट क्यों?
  5. पारा शिक्षक अपने मांगों को लेकर आंदोलन करते रहे थे, लेकिन अधिकार के जगह उन्हें मिली लाठियाँ, वह भी स्थापना दिवस के दिन, फिर वोट क्यों?
  6. आंगनबाड़ी सेविकाओं पर पुरुष पुलिस कर्मियों से लाठी चलवा झारखंडी स्वाभिमान को तार-तार किया, फिर वोट क्यों?
  7. स्थानीय नीति गलत परिभाषित कर हाई स्कूल शिक्षक बहाली में बाहरियों के लिए दरवाज़ा खोल दिया, फिर वोट क्यों?
  8. सीएनटी-एसपीटी एक्ट में संशोधन कर सुरक्षा कवच को तोड़ने का प्रयास किया, फिर वोट क्यों?
  9. ज़मीन लूट हेतु उसी से मिलता-जुलता भूमि अधिग्रहण विधेयक ले आये, फिर वोट क्यों?
  10. जिस गैरमजरूआ जमीन को हमारे पूर्वजों ने अपने खून पसीने से सींचा, झुर-गजार मारा उसे खेती करने लायक़ बनाया, उन ज़मीनों को अपने पूंजीपति दोस्तों को लूटाने के खातिर रसीद काटने बंद कर दिए, फिर वोट क्यों? … (धन्यवाद ! आपका अपना Jharkhand Students)

मसलन, पहली बार झारखंड में युवा न किसी धारा और न ही किसी ख़ास विचारधारा के रास्ते सत्ता के खिलाफ सड़क पर हैं। बल्कि अपने हक अधिकार, अपने भविष्य, अपने सम्मान लायक वेतन, राज्य के विकास के लिए भाजपा-आजसू सत्ता के रास्ते दीवार बन अड़ी है।

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