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अमित शाह

अमित शाह के हाथों में है झारखंड के भविष्य का असल कमान

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प्रधानमन्त्री ने बयान दिया था  कि देश को कुशल और सस्ते श्रम का भण्डार बनाया जायेगा। मतलब आने वाले समय में देश के करोड़ों-करोड़ युवा को देशी-विदेशी पूँजी की लूट और शोषण के लिए पेश किया जायेगा। पूंजीपति हमें गुलाम बनाकर हमारी ही ज़मीनों पर काम करा सकें इसके लिए हमारे सारे क़ानूनी अधिकारों को ख़त्म किया जा रहा है। लेकिन क्या अमित शाह जैसे नेता इन तकनीकी प्रशिक्षण संस्थानों में अपने बेटे-बेटियों को भेजेंगे? नहीं! मुँह पर ताला लगाकर कुशल मज़दूर बनने की शिक्षा तो हमारे बेटे-बेटियों को दी जायेगी, जो कि 5-6 हज़ार रुपये में 12 घण्टे खटने को तैयार हों!

सत्ता में आने के ठीक पहले अपने ख़र्चीले चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा का नारा था, “बहुत हुई महँगाई की मार–अबकी बार मोदी सरकार!” -तेल की कीमतों में भारी गिरावट आने के बावजूद कीमतों में कमी नहीं की गयी, उलटे इसे बाजार के आधीन कर दिया गया। नतीजतन, हर बुनियादी ज़रूरत की चीजें महँगी हो गयी और आम ग़रीब के लिए दो वक़्त का खाना जुटाना भी मुश्किल हो गया। ज़ाहिर है कि कांग्रेस भी इस काम में कहीं भी इनसे पीछे नहीं रही है। लेकिन यह भी सच है कि पूँजीपति वर्ग की ‘मैनेजिंग कमेटी’ की ज़िम्मेदारी सम्भालने के लिए इन दोनों केन्द्रीय दलों में प्रतिस्पर्द्धा चलती रहती है। कम-से-कम इस वक़्त भाजपा ने कांग्रेस को पछाड़ रखा है। आने वाले समय में कांग्रेस का सितारा फिर चढ़ेगा क्योंकि पूँजीवादी व्यवस्था को बचाये रखने के लिए एक मुखौटे का घिसते ही दूसरे की ज़रूरत पड़ ही जाती है। फिलहाल तो भाजपा का सितारा बुलंद है और इसके मास्टर माइंड अमित शाह को माना जाता है।

इन परिस्थितियों में बेशक गैर-झारखंडी रघुबर जी की मजबूरी हो जाती है कि वे अमित शाह की हाथों के कठपुतली बन नाचे, नहीं तो उनका अस्तित्व ही समाप्त हो जाएगा। इन्होंने जिस प्रकार ‘मेक इन इण्डिया’, ‘स्किल इण्डिया’, ‘स्टार्टअप इण्डिया’ जैसे गुब्बारों का हवा निकल जाने के उपरान्त युवा को पकौड़े तलने की हिदायत दी ठीक वैसा ही बयान भविष्य में देकर रघुबर जी भी अपना पल्ला झाड लेंगे। इस लेख में प्रस्तुत किये शब्द बेरोज़गार मज़दूरों और नौकरी की तलाश में भटकते पढ़े-लिखे युवाओं की ज़िन्दगी की तकलीफ़ों, अपमान और दर्द बयान नहीं कर सकते। लेकिन अगर कोई बुद्धिजीवी झारखंड आये तो इनके सूनी आँखों और टूटे मन की स्थिति आसानी से महसूस कर सकता है…।

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